सागर। नारयावली विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत ललक पाटन क्षेत्र में अवैध मिट्टी उत्खनन का मामला लगातार गंभीर होता जा रहा है। अवैध उत्खनन में लगे सैकड़ों ट्रैक्टर-ट्रालियों की आवाजाही से चार ग्रामों के ग्रामीण और स्कूली छात्र भारी परेशानियों का सामना कर रहे हैं। स्थिति से तंग आकर ग्रामीणों और छात्रों ने ट्रैक्टर-ट्रालियों को रोककर विरोध जताया।पथरिया हाट, बड़े मोगरा, वन गुवा और पथरिया गांवों से होकर दिनभर अवैध उत्खनन में लगे ट्रैक्टर-ट्रालियां गुजरती हैं। इनकी तेज रफ्तार और लगातार शोर के कारण जहां ग्रामीणों का जनजीवन प्रभावित हो रहा है, वहीं स्कूल में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं की पढ़ाई भी बुरी तरह प्रभावित हो रही है।स्कूल के छात्रों ने बताया कि ट्रैक्टर-ट्रालियों के तेज शोर के कारण कक्षाओं में पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित करना मुश्किल हो जाता है। साथ ही, तेज रफ्तार वाहनों से हर समय किसी बड़े हादसे का डर बना रहता है।ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने इस अवैध उत्खनन की शिकायत कई बार प्रशासन और खनिज विभाग से की, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। ग्रामीणों का कहना है कि खनिज विभाग की मिलीभगत के चलते वर्षों से यह अवैध उत्खनन धड़ल्ले से चल रहा है।ग्रामीण रामजी पटेल ने बताया कि खनिज विभाग द्वारा केवल कुछ ही ट्रैक्टरों को अनुमति दी गई है, इसके बावजूद इन चारों गांवों से रोजाना 500 से अधिक ट्रैक्टर-ट्रालियां निकलती हैं। इससे साफ जाहिर होता है कि अवैध उत्खनन प्रशासन की नजरों के सामने हो रहा है।ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही अवैध उत्खनन पर रोक नहीं लगाई गई और दोषियों पर सख्त कार्रवाई नहीं हुई, तो चारों ग्रामों के रहवासी उग्र आंदोलन करने को मजबूर होंगे।फिलहाल, अवैध उत्खनन और प्रशासनिक अनदेखी को लेकर ग्रामीणों में भारी आक्रोश है और सभी की निगाहें प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।