अलीगढ़।आगामी मथुरा–लखनऊ छात्र संघ आंदोलन को लेकर अलीगढ़ में छात्र नेताओं की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जा रही है। इस बैठक में अलीगढ़ जिले के साथ-साथ मथुरा, आगरा, हाथरस समेत आसपास के क्षेत्रों के विभिन्न छात्र संगठनों के पदाधिकारी एवं प्रमुख छात्र नेता भाग लेंगे। बैठक का मुख्य उद्देश्य छात्र संघ चुनाव की बहाली की मांग को और मजबूत करना तथा छात्रों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर साझा रणनीति तैयार करना है।आयोजकों के अनुसार, यह बैठक आने वाले बड़े छात्र आंदोलन की दिशा और रूपरेखा तय करने में अहम भूमिका निभाएगी। बैठक के दौरान मथुरा, अलीगढ़, आगरा और हाथरस के गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेजों से संबंधित समस्याओं पर भी विस्तार से चर्चा की जाएगी। छात्र नेताओं का कहना है कि मेडिकल कॉलेजों में बुनियादी सुविधाओं की कमी, छात्रों की समस्याएं, शैक्षणिक अव्यवस्थाएं और प्रशासनिक लापरवाही जैसे मुद्दों को लेकर एकजुट होकर आवाज उठाना समय की जरूरत है।इसके अलावा बैठक में यूजीसी एक्ट से जुड़े विषयों पर भी विचार-विमर्श किया जाएगा। छात्र संगठनों का मानना है कि शिक्षा से जुड़े निर्णयों में छात्रों के हितों की अनदेखी नहीं होनी चाहिए और इसके लिए एक ठोस कार्ययोजना बनाकर आंदोलन को आगे बढ़ाया जाएगा।बैठक के उपरांत छात्र नेताओं द्वारा एक प्रेस कॉन्फ्रेंस का आयोजन भी किया जाएगा, जिसमें मीडिया के माध्यम से आंदोलन की रूपरेखा, प्रमुख मांगों और आगामी कार्यक्रमों की जानकारी साझा की जाएगी। प्रेस वार्ता का उद्देश्य अधिक से अधिक छात्रों को आंदोलन से जोड़ना और छात्र हितों से जुड़े मुद्दों को व्यापक स्तर पर उठाना है।इसके साथ ही छात्र नेता अलीगढ़ के विभिन्न कॉलेजों और शिक्षण संस्थानों का दौरा कर छात्रों से सीधा संवाद करेंगे। इस दौरान वे छात्रों की समस्याएं सुनेंगे और उन्हें प्रस्तावित आंदोलन में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित करेंगे। छात्र नेताओं का कहना है कि छात्र एकता और जागरूकता के बल पर ही एक मजबूत और प्रभावी आंदोलन खड़ा किया जा सकता है।छात्र संगठनों ने स्पष्ट किया कि यह आंदोलन पूरी तरह से छात्र हितों पर केंद्रित होगा और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी मांगों को सरकार और प्रशासन तक पहुंचाया जाएगा।