शहडोल। पुलिस अधीक्षक शहडोल राम जी श्रीवास्तव के मार्गदर्शन में जिलेभर में सड़क सुरक्षा और राह-वीर योजना को लेकर व्यापक जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के तहत लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने के साथ-साथ निशुल्क हेलमेट भी वितरित किए जा रहे हैं।यातायात नियमों की समझाइस देने की इस अभिनव पहल के अंतर्गत शहडोल जिले के कलेक्टर केदार सिंह एवं पुलिस अधीक्षक राम जी श्रीवास्तव ने स्वयं सड़कों पर उतरकर बिना हेलमेट वाहन चला रहे चालकों को रोका और उन्हें निशुल्क हेलमेट प्रदान किए। इसके साथ ही वाहन चालकों को यातायात नियमों का पालन करने और सड़क सुरक्षा के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।अधिकारियों ने इस दौरान सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय द्वारा शुरू की गई राह-वीर योजना के बारे में भी लोगों को समझाया। उन्होंने बताया कि यह योजना सड़क दुर्घटनाओं में घायलों की जान बचाने वाले नेक नागरिकों को सम्मानित करने के उद्देश्य से शुरू की गई है।राह-वीर योजना के तहत यदि कोई व्यक्ति सड़क दुर्घटना के शिकार को ‘गोल्डन ऑवर’ यानी पहले एक घंटे के भीतर अस्पताल पहुंचाकर उसकी जान बचाने में मदद करता है, तो उसे ₹25,000 का नकद पुरस्कार एवं प्रशस्ति-पत्र दिया जाता है। वहीं राष्ट्रीय स्तर पर चुने गए शीर्ष 10 साहसी व्यक्तियों को ₹1,00,000 नकद राशि, ट्रॉफी और प्रमाण पत्र से सम्मानित किया जाएगा।योजना के अनुसार एक व्यक्ति एक वर्ष में अधिकतम पांच बार इस पुरस्कार के लिए पात्र हो सकता है। जिला स्तर पर कलेक्टर की अध्यक्षता में गठित समिति द्वारा ऐसे मामलों का चयन किया जाएगा। इस योजना का मुख्य उद्देश्य दुर्घटना के बाद ‘गोल्डन ऑवर’ में समय पर चिकित्सा सहायता सुनिश्चित कर लोगों की जान बचाना है।अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि मदद करने वाले व्यक्ति को किसी भी प्रकार की कानूनी या प्रक्रियात्मक परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। यह योजना आम नागरिकों को निडर होकर सड़क दुर्घटना पीड़ितों की मदद करने के लिए प्रोत्साहित करती है।इस अभियान के तहत लोगों में सकारात्मक संदेश गया है और सड़क सुरक्षा को लेकर जागरूकता बढ़ी है। इसी क्रम में हमारे संवाददाता अरुण द्विवेदी ने शहडोल जिले के यातायात प्रभारी संजय जायसवाल से विशेष बातचीत की, जिसमें उन्होंने राह-वीर योजना और यातायात नियमों की विस्तृत जानकारी दी।