ईरान में फांसी की सजा रद्द हुई तो अमेरिका ने भी टाल दिए हमले अब तनाव हुआ कम
नई दिल्ली। कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने वैश्विक भू-राजनीतिक परिस्थितियों, विशेषकर ईरान और अमेरिका के बीच चल रहे तनाव को लेकर महत्वपूर्ण टिप्पणी की है। थरूर ने कहा कि ईरान में वर्तमान तनाव कम होता दिख रहा है, जो विश्व शांति के लिए एक आशाजनक संकेत है। उन्होंने इस सकारात्मक बदलाव के पीछे दो मुख्य कारणों का उल्लेख किया। पहला यह कि ईरान सरकार ने 800 से अधिक लोगों के मृत्युदंड को रद्द करने का एक बड़ा मानवीय निर्णय लिया है। दूसरा, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फिलहाल ईरान पर किसी भी संभावित सैन्य हमले को टालने का फैसला किया है।
तिरुवनंतपुरम से सांसद थरूर ने इन घटनाओं को अच्छे संकेत करार देते हुए कहा कि लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाए जाने और फांसी की सजा के स्थगन से यह स्पष्ट होता है कि दोनों पक्ष सीधे टकराव से बचना चाह रहे हैं। थरूर के अनुसार, खाड़ी क्षेत्र के अन्य देश भी इस इलाके में शांति और व्यवस्था बनाए रखने के पक्षधर हैं, क्योंकि यदि ईरान में संघर्ष बढ़ता है, तो शरणार्थियों का बड़ा संकट पैदा होगा जो पड़ोसी देशों की सीमाओं में प्रवेश करेंगे। हालात के बेकाबू होने से उत्पन्न होने वाले भू-राजनीतिक परिणामों पर चिंता जताते हुए थरूर ने अनुमान लगाया कि वर्तमान स्थिति एक नए मोड़ पर आ गई है। हालांकि, उन्होंने यह भी आगाह किया कि अभी पूरी तरह सटीक जानकारी उपलब्ध नहीं है, इसलिए आने वाले समय पर नजर रखनी होगी। गाजा की स्थिति का जिक्र करते हुए थरूर ने कहा कि वहां शांति अभी कोसों दूर है। उन्होंने दुख व्यक्त किया कि गाजा में अभी भी हर दिन लोग जान गंवा रहे हैं और हमास जैसे संगठनों के निरस्त्रीकरण की प्रगति को लेकर कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आ रही है।

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