मथुरा, 06 जनवरी 2026।
जिलाधिकारी मथुरा के निर्देश पर जनपद में उर्वरकों की कालाबाजारी और अनियमित बिक्री रोकने के लिए प्रशासन ने कड़े कदम उठाए। तहसीलों और विकास खंडों में अपर जिलाधिकारी तथा कृषि और सहकारिता विभाग के अधिकारियों की संयुक्त टीमें बनाकर उर्वरक दुकानों पर छापेमारी की गई।

जांच के दौरान 49 उर्वरक प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। यूरिया की बिक्री में बढ़ोतरी के कारण यह अभियान विशेष रूप से चलाया गया, क्योंकि किसान आलू और गेहूं की फसलों में टॉप ड्रेसिंग के लिए यूरिया का उपयोग कर रहे हैं।

जांच में 11 दुकानों पर अनियमितताएं पाई गई, जिनको कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। गंभीर अनियमितताओं के चलते 5 दुकानों के लाइसेंस निलंबित कर दिए गए और इनकी उर्वरक आपूर्ति पर तत्काल रोक लगा दी गई।

  • नोटिस जारी दुकानों में शामिल हैं: छाता, बलदेव, राया, मथुरा, गोवर्धन और नौहझील क्षेत्र की कई खाद-बीज की दुकानें।

  • लाइसेंस निलंबित दुकानों में शामिल हैं: बरसाना, नंदगांव, जचैदा, मांट और नौहझील की पांच दुकानें।

प्रशासन ने चेतावनी दी है कि सभी थोक और खुदरा विक्रेता:

  • यूरिया के साथ अन्य उत्पादों की जबरन टैगिंग न करें,

  • केवल निर्धारित दरों पर बिक्री करें,

  • प्रतिदिन स्टॉक और रेट बोर्ड अपडेट रखें,

  • बिक्री रजिस्टर में किसान का पूरा विवरण दर्ज करें और

  • पॉस मशीन व भौतिक स्टॉक में किसी भी तरह का अंतर न होने दें।