मथुरा। जनपद मथुरा के बलदेव क्षेत्र स्थित गांव कंचौली घाट में मतदाता सूची (एसआईआर—स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। भारतीय किसान यूनियन (अराजनीतिक) के नेतृत्व में गांव की दर्जनों महिलाएं और पुरुष जिला अधिकारी कार्यालय पहुंचे और मतदाता सूची में हुई कथित गड़बड़ियों को लेकर शिकायत दर्ज कराई। हालांकि अवकाश होने के कारण जिलाधिकारी से उनकी मुलाकात नहीं हो सकी, जिसके बाद ग्रामीणों ने एक अन्य वरिष्ठ अधिकारी को ज्ञापन सौंपा।ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में करीब 3 हजार मतदाता हैं, लेकिन हाल ही में तैयार की गई एसआईआर सूची में केवल लगभग 2 हजार लोगों के नाम ही शामिल किए गए हैं। आरोप के अनुसार करीब 750 से अधिक ऐसे लोग, जो जीवित हैं और गांव में निवास कर रहे हैं, उन्हें सूची में मृत दर्शा दिया गया है। इससे बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम सूची से बाहर हो गए हैं।ग्रामीणों ने बताया कि यह गड़बड़ी बिना समुचित सत्यापन के की गई। उनका कहना है कि बीएलओ नरेंद्र कुमार, अमित कुमार और वर्तमान ग्राम प्रधान उदयवीर सिंह की कथित मिलीभगत से नाम काटे गए। इसके साथ ही यह भी आरोप लगाया गया कि कुछ ऐसे लोगों के नाम सूची में जोड़ दिए गए हैं, जिनकी उम्र अभी 18 वर्ष से कम है और वे मतदान के पात्र नहीं हैं।ग्रामीणों का कहना है कि इस गंभीर समस्या को लेकर वे पहले उपजिलाधिकारी के पास भी गए थे, लेकिन वहां से उन्हें कोई संतोषजनक जवाब या कार्रवाई नहीं मिली। प्रशासनिक स्तर पर सुनवाई न होने से नाराज ग्रामीणों ने मजबूर होकर जिला अधिकारी कार्यालय का रुख किया।प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने मांग की कि जिन लोगों के नाम गलत तरीके से एसआईआर सूची से हटाए गए हैं, उन्हें तत्काल प्रभाव से पुनः जोड़ा जाए। साथ ही दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में ऐसी लापरवाही दोबारा न हो। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे।यह मामला न केवल प्रशासनिक लापरवाही की ओर इशारा करता है, बल्कि मतदाताओं के लोकतांत्रिक अधिकारों पर भी गंभीर सवाल खड़े करता है। अब देखना होगा कि जिला प्रशासन इस शिकायत पर कितनी तेजी और गंभीरता से कार्रवाई करता है।