मथुरा स्थित श्रीकृष्ण जन्मभूमि से जुड़े मामलों को लेकर इलाहाबाद हाईकोर्ट में अहम सुनवाई हुई। यह सुनवाई श्रीकृष्ण जन्मस्थान से संबंधित कुल 18 मुकदमों पर की गई। सुनवाई के बाद माननीय हाईकोर्ट ने अगली तारीख 23 जनवरी निर्धारित की है।श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर–मस्जिद विवाद के मुख्य याचिकाकर्ता एवं श्रीकृष्ण जन्मभूमि संघर्ष न्यास के अध्यक्ष दिनेश फलाहारी महाराज ने बताया कि सुनवाई के दौरान हिंदू और मुस्लिम पक्ष के अधिवक्ताओं के बीच बहस हुई। न्यायालय द्वारा कुछ बिंदु तय किए जाने थे और सभी पक्षकारों को संशोधन पत्र भी प्रस्तुत करने थे, लेकिन समयाभाव के कारण विस्तृत सुनवाई नहीं हो सकी।फलाहारी महाराज के अनुसार, माननीय न्यायमूर्ति अनिल कुमार सक्सेना ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 23 जनवरी की तारीख तय की है। उन्होंने यह भी बताया कि हिंदू पक्ष की ओर से उपलब्ध प्राचीन एवं ऐतिहासिक साक्ष्य न्यायालय में प्रस्तुत किए जा चुके हैं।उन्होंने दावा किया कि मुस्लिम पक्ष के पास ऐसे ठोस दस्तावेज नहीं हैं, जिनसे यह प्रमाणित हो सके कि विवादित स्थल पर पहले मस्जिद का निर्माण हुआ था। साथ ही उन्होंने कहा कि हिंदू पक्ष के पास मंदिर के प्राचीन अस्तित्व से जुड़े पर्याप्त प्रमाण हैं।दिनेश फलाहारी महाराज ने कहा कि उन्हें न्यायालय और संविधान पर पूर्ण विश्वास है और अंततः सत्य की जीत होगी। उन्होंने यह भी कहा कि 1991 के पूजा स्थल अधिनियम (Worship Act) को लेकर सुप्रीम कोर्ट में भी सुनवाई चल रही है, जिस पर आगे निर्णय आने की संभावना है।फिलहाल, इस ऐतिहासिक मामले में 23 जनवरी की अगली सुनवाई पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं।